बाबै नै मनावां गावां गीत गण रा (Babe Ne Manava, Gava Geet Gan Ra)
Acharya Bhikshu Bhajanयह भक्ति-गीत आचार्य भिक्षु के प्रति गहरी श्रद्धा और प्रेम को व्यक्त करता है। इसमें उनके त्याग, तप, साहस और धर्म-प्रभावना का भावपूर्ण …
यह भक्ति-गीत आचार्य भिक्षु के प्रति गहरी श्रद्धा और प्रेम को व्यक्त करता है। इसमें उनके त्याग, तप, साहस और धर्म-प्रभावना का भावपूर्ण …
यह भजन गुरु के प्रति गहरे प्रेम और विरह की भावना को व्यक्त करता है। इसमें शिष्य अपने गुरुवर से बिछड़ने का दुःख प्रकट …
यह भजन “कहै किसनोजी चाल-चाल भारीमाल” एक भावपूर्ण कथा है। इसमें पिता और पुत्र के बीच के स्नेह, त्याग और वैराग्य का वर्णन …
यह सुंदर भजन “पंखीड़ा ओ पंखीड़ा” श्री अरविन्द जी नाहर द्वारा रचित है। इसमें भक्त अपने भावों को एक पंखी (पक्षी) के माध्यम से …
यह भजन सिरियारी धाम और पूज्य बाबाजी की महिमा का मधुर गुणगान है। इसमें भक्त अपने आराध्य से जीवन रूपी बेड़े को पार लगाने …
यह भक्तिभाव से भरा एक सुंदर भजन है, जिसमें ‘ॐ भिक्षु’ नाम के जप की महिमा का वर्णन किया गया है। इस भजन में बताया गया है …
यह गीत आचार्य भिक्षु के त्याग, साहस और सत्य की खोज की प्रेरक गाथा को सरल शब्दों में प्रस्तुत करता है। इसमें उनके अडिग संकल्प …
यह भावपूर्ण भजन मुनि मोहनलाल जी (आमेट) द्वारा रचित है। इसमें स्वामीजी के प्रति गहरी श्रद्धा, कृतज्ञता और प्रेम प्रकट किया गया है …
यह भक्ति-गीत श्रद्धा, प्रेम और समर्पण से भरा हुआ है। इसमें भक्त अपने आराध्य स्वामीजी को विनम्र भाव से आमंत्रित करता है। वह कहता …
यह भावपूर्ण स्तुति मुनि मधुकर जी द्वारा रचित है। इसमें शिष्य का अपने पूज्य स्वामीजी के प्रति गहरा प्रेम, श्रद्धा और विरह व्यक्त हुआ है …
यह भजन गहरी श्रद्धा, आस्था और समर्पण की भावना को व्यक्त करता है। इसमें गुरुदेव के चरणों में अटूट विश्वास, संयम और सन्मार्ग …
यह भक्ति-गीत आचार्य श्री भिक्षु के पावन जीवन, त्याग और महान कार्यों का सुंदर गुणगान है। इसमें उनके द्वारा स्थापित तेरापंथ धर्मसंघ …
यह सुंदर भजन मुनि श्री चम्पक (भाईजी महाराज) द्वारा रचित है। इसमें गुरुदेव के प्रति गहरी श्रद्धा, कृतज्ञता और गौरव की भावना प्रकट होती …
यह भजन मुनि श्री चम्पक (भाईजी महाराज) द्वारा रचित है। इसमें आचार्य श्री भिक्षु स्वामी के चमत्कार, करुणा, साहस और आध्यात्मिक प्रभाव का भावपूर्ण वर्णन …
यह भजन आचार्य श्री महाश्रमण द्वारा रचित है। इसमें श्री भिक्षु स्वामी के महान व्यक्तित्व और उनके अद्भुत प्रताप का वर्णन किया गया है। कवि ने बताया है कि …