श्वेतांबर तेरापंथ के जयकारे (Shwetambar Terapanth Ke Jaikaare)
Terapanth Sangh Bhajanश्वेतांबर तेरापंथ जैन धर्म की एक प्रमुख परंपरा है। इसकी स्थापना आचार्य भिक्षु ने 1760 में की थी। तेरापंथ अनुशासन, आचार-संहिता और एक आचार्य की …
श्वेतांबर तेरापंथ जैन धर्म की एक प्रमुख परंपरा है। इसकी स्थापना आचार्य भिक्षु ने 1760 में की थी। तेरापंथ अनुशासन, आचार-संहिता और एक आचार्य की …
यह भजन तेरापंथ धर्मसंघ के आद्य प्रवर्तक बाबा भिक्षु स्वामी के त्याग, तप और आध्यात्मिक तेज को समर्पित है। तेरस री है रात के पावन अवसर पर रचित यह …
यह भजन आचार्य श्री भिक्षु स्वामी (भीखण जी) की वंदना और उनके पावन आगमन की भावना को व्यक्त करता है। इसमें भक्तों की श्रद्धा, उत्साह और दर्शन की …
यह भजन आचार्य श्री भिक्षु स्वामी के प्रति गहन श्रद्धा, भक्ति और त्याग की भावना को सरल शब्दों में प्रकट करता है। पणिहारी की लोकलय पर रचित यह गीत …
यह भजन भिक्षु स्वामीजी की दिव्य समाधि, त्याग, तप और आत्मिक प्रभाव का भावपूर्ण वर्णन करता है। इसकी पंक्तियों में भक्ति, श्रद्धा और आध्यात्मिक जागरण की …
यह भजन तेरापंथ परंपरा की प्रेरणादायक रचना है। इसमें आचार्य भीखण जी के त्याग, तप, बलिदान और शासनोत्थान का भावपूर्ण वर्णन मिलता है। भजन श्रद्धा …
यह भजन भिक्षु नाम की महिमा को सरल और भावपूर्ण शब्दों में व्यक्त करता है। इसमें सुबह उठकर भिक्षु-भिक्षु नाम का स्मरण करने की प्रेरणा दी गई है, जिससे …
यह भजन श्रद्धा और भक्ति से भरा हुआ है, जिसमें भक्त अपने हृदय के आँगन में भिक्षु स्वामी का सादर आमंत्रण करता है। सरल राजस्थानी भावों में रचा गया यह गीत …
यह भजन आत्मिक अनुभूति और प्रभु-स्मरण की गहराई को सरल शब्दों में व्यक्त करता है। इसमें बताया गया है कि कैसे प्रभु का नाम और उनकी …
यह महावीर भजन भक्त के मन में बसे भगवान महावीर स्वामी की निरंतर अनुभूति को सरल और भावपूर्ण शब्दों में व्यक्त करता है। इसमें उनके धैर्य, समता, तप, ध्यान …