ॐ भिक्षु, ॐ भिक्षु, जपो सदा (Om Bhikshu, Om Bhikshu, Japo Sada)

यह भक्तिभाव से भरा एक सुंदर भजन है, जिसमें ‘ॐ भिक्षु’ नाम के जप की महिमा का वर्णन किया गया है। इस भजन में बताया गया है कि भिक्षु नाम का स्मरण करने से जीवन के दुख, संकट और बाधाएँ दूर होती हैं। यह नाम मन में साहस, शांति और विश्वास जगाता है। कठिन समय में भी यह भजन हमें धैर्य और आशा देता है। इसका संदेश सरल है – सच्ची श्रद्धा से जप करने पर आत्मिक शक्ति बढ़ती है। 

 

ॐ भिक्षु, ॐ भिक्षु, जपो सदा

🎶 लय – परदेसी परदेसी जाना नहीं 

 

ॐ भिक्षु, ॐ भिक्षु, जपो सदा, 

चाह फले, मुक्ति मिले,

है नाम मंगलकारी, विघ्‍न बाधाहारी,

विघ्‍न-बाधा-हारी, 

इसने लाखों नैया तारी।।

 

असहायों का भिक्षु नाम सहारा है,

घोर अमां में करता दिव्य उजारा है।

ॐ भिक्षु, पंगु को पहाड़ चढ़ाता है,

मूक मनुज को वाणी वर मिल जाता है।

 

खाते पीते सोते जगते जो ध्याता,

सांस-सांस में भिक्षु भिक्षु जो गाता।

कठिन परिस्थिति में भी वह नहीं घबराता,

भिक्षु नाम से अन्तर पौरुष जग जाता।।

 

रुपांजी का खोड़ा टूटा भक्ति से,

बेड़ी मुक्त शोभजी सुमिरण शक्ति से।

संकट की घड़िया, भक्तों में जब आई,

भिक्षु नाम से नई चेतना फिर पाई।।

 

चोर लुटेरों के भी हृदय बदल जाते,

छोड़ क्रूरता मैत्री करुणा अपनाते।

सिंह, सर्प भी नहीं उपद्रव कर पाते,

यक्ष, भूत, राक्षस तन्मय-हो गुण गाते।।

 

सुमिरण की पावन गंगा में सब न्हाओ,

पाप, ताप, सन्ताप मिटाकर सुख पाओ।

ॐ भिक्षु, जय भिक्षु मंत्र चमत्कारी

‘मधुस्मिता’ जाएं भिक्षु की बलिहारी।।

 

यह भजन हमें सिखाता है कि नाम जप में बड़ी शक्ति है। श्रद्धा और विश्वास के साथ ‘ॐ भिक्षु’ का स्मरण करने से मन पवित्र होता है और जीवन में नई ऊर्जा आती है और शांति का अनुभव होता है। 

🙏 जय जिनेंद्र 🙏